नई दिल्ली। गांधीवादी कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने गुरुवार को आरोप लगाया कि लोकपाल मामले में संप्रग सरकार लोगों के साथ 'छल' कर रही है। उन्होंने लोकपाल विधेयक मसौदा के दो प्रारूप कैबिनेट को विचार के लिए भेजे जाने के औचित्य पर भी सवाल उठाया।
सरकार पर वायदा खिलाफी का आरोप लगाते हुए हजारे ने चेतावनी दी कि अगर सरकार ने 'कमजोर' भ्रष्टाचार विरोधी कानून को स्वीकृति दी तो वह जंतर-मंतर पर फिर से विरोध प्रदर्शन शुरू करेंगे।
लोकपाल विधेयक पर संयुक्त मसौदा समिति के 'गतिरोध' वाली बैठक के दूसरे दिन उन्होंने कहा कि यदि आप दो मसौदे चाहते हैं तो फिर संयुक्त समिति गठित करने की क्या आवश्यकता थी?